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पलवल में खुलेगा ‘हरियाणा कौशल विकास केंद्र’, युवाओं को मिलेगा मुफ्त प्रशिक्षण

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औद्योगिक क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर खोलने की तैयारी, पहली बार 15 से अधिक ट्रेड्स में होगी स्किल ट्रेनिंग:


पलवल जिले के युवाओं के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। हरियाणा सरकार के कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग द्वारा पलवल में एक आधुनिक ‘हरियाणा कौशल विकास केंद्र’ (Haryana Skill Development Centre) की स्थापना की जा रही है। इस केंद्र में युवाओं को 15 से अधिक व्यावसायिक कोर्स में मुफ्त प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे आत्मनिर्भर बन सकें और उन्हें स्थानीय व बाहरी कंपनियों में नौकरी मिल सके।

यह केंद्र पलवल के औद्योगिक क्षेत्र के नजदीक स्थापित किया जा रहा है, जिससे प्रशिक्षित युवाओं को प्रशिक्षण के बाद सीधे जॉब प्लेसमेंट भी कराया जा सके। कोर्स की अवधि 3 महीने से लेकर 1 साल तक की होगी। प्रशिक्षण में इलेक्ट्रिशियन, प्लंबर, वेल्डर, कंप्यूटर ऑपरेटर, मशीन ऑपरेटर, मोबाइल रिपेयरिंग, ग्राफिक डिजाइनिंग, फाइनेंस अकाउंटिंग, रिटेल, हॉस्पिटैलिटी, हेल्थ असिस्टेंट जैसे लोकप्रिय व ज़रूरी ट्रेड शामिल होंगे।

जिला उपायुक्त नरेश नरवाल ने प्रेस को जानकारी देते हुए बताया कि यह केंद्र पलवल के युवाओं के लिए एक गेमचेंजर साबित होगा। उन्होंने बताया कि केंद्र पूरी तरह से आधुनिक तकनीक से सुसज्जित होगा और प्रशिक्षण में उद्योगों की मांग के अनुसार पाठ्यक्रम तैयार किया गया है। “हमारा प्रयास है कि स्थानीय युवा अपने शहर में ही हुनर सीख सकें और यहीं उन्हें रोजगार भी मिल जाए,” – डीसी नरवाल ने कहा।

केंद्र का संचालन हरियाणा स्किल डेवलपमेंट मिशन (HSDM) द्वारा किया जाएगा और इसके लिए कई निजी प्रशिक्षण संस्थानों के साथ करार किया जा रहा है। युवाओं को कोर्स की समाप्ति पर प्रमाण पत्र भी दिया जाएगा, जो पूरे भारत में मान्य होगा।

हरियाणा सरकार ने बताया कि पहले चरण में करीब 800 युवाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य है। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी और हरियाणा निवासी होने के प्रमाण पत्र के साथ आधार और शैक्षणिक योग्यता दस्तावेज मांगे जाएंगे। कोर्स में दाखिला पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर दिया जाएगा।

इस पहल का मुख्य उद्देश्य यह है कि ग्रामीण और शहरी इलाकों के युवाओं को तकनीकी शिक्षा देकर उन्हें स्वावलंबी बनाया जाए। साथ ही, यह पलवल के MSME और बड़े उद्योगों को प्रशिक्षित स्टाफ मुहैया कराने में भी मदद करेगा। जिले के व्यापारियों और औद्योगिक संगठनों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा है कि इससे पलायन रुकेगा और स्थानीय प्रतिभा को यहीं अवसर मिलेगा।

पलवल के स्थानीय युवाओं में इस खबर को लेकर काफी उत्साह है। सोशल मीडिया पर इसे लेकर चर्चा तेज़ है और कई युवाओं ने आवेदन शुरू करने की जानकारी मांगी है। युवाओं ने कहा कि यदि प्रशिक्षण गुणवत्तापूर्ण हो और प्लेसमेंट की गारंटी मिले, तो यह योजना उनके जीवन की दिशा बदल सकती है।

सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि भविष्य में इस केंद्र को ITI और पॉलीटेक्निक से भी जोड़ा जाएगा ताकि उच्च स्तर की तकनीकी ट्रेनिंग भी यहीं मिले।


यह केंद्र पलवल के औद्योगिक क्षेत्र के नजदीक स्थापित किया जा रहा है, जिससे प्रशिक्षित युवाओं को प्रशिक्षण के बाद सीधे जॉब प्लेसमेंट भी कराया जा सके। कोर्स की अवधि 3 महीने से लेकर 1 साल तक की होगी। प्रशिक्षण में इलेक्ट्रिशियन, प्लंबर, वेल्डर, कंप्यूटर ऑपरेटर, मशीन ऑपरेटर, मोबाइल रिपेयरिंग, ग्राफिक डिजाइनिंग, फाइनेंस अकाउंटिंग, रिटेल, हॉस्पिटैलिटी, हेल्थ असिस्टेंट जैसे लोकप्रिय व ज़रूरी ट्रेड शामिल होंगे।

जिला उपायुक्त नरेश नरवाल ने प्रेस को जानकारी देते हुए बताया कि यह केंद्र पलवल के युवाओं के लिए एक गेमचेंजर साबित होगा। उन्होंने बताया कि केंद्र पूरी तरह से आधुनिक तकनीक से सुसज्जित होगा और प्रशिक्षण में उद्योगों की मांग के अनुसार पाठ्यक्रम तैयार किया गया है। “हमारा प्रयास है कि स्थानीय युवा अपने शहर में ही हुनर सीख सकें और यहीं उन्हें रोजगार भी मिल जाए,” – डीसी नरवाल ने कहा।

केंद्र का संचालन हरियाणा स्किल डेवलपमेंट मिशन (HSDM) द्वारा किया जाएगा और इसके लिए कई निजी प्रशिक्षण संस्थानों के साथ करार किया जा रहा है। युवाओं को कोर्स की समाप्ति पर प्रमाण पत्र भी दिया जाएगा, जो पूरे भारत में मान्य होगा।

हरियाणा सरकार ने बताया कि पहले चरण में करीब 800 युवाओं को प्रशिक्षण देने का लक्ष्य है। आवेदन प्रक्रिया पूरी तरह ऑनलाइन होगी और हरियाणा निवासी होने के प्रमाण पत्र के साथ आधार और शैक्षणिक योग्यता दस्तावेज मांगे जाएंगे। कोर्स में दाखिला पहले आओ-पहले पाओ के आधार पर दिया जाएगा।

इस पहल का मुख्य उद्देश्य यह है कि ग्रामीण और शहरी इलाकों के युवाओं को तकनीकी शिक्षा देकर उन्हें स्वावलंबी बनाया जाए। साथ ही, यह पलवल के MSME और बड़े उद्योगों को प्रशिक्षित स्टाफ मुहैया कराने में भी मदद करेगा। जिले के व्यापारियों और औद्योगिक संगठनों ने इस फैसले का स्वागत किया है और कहा है कि इससे पलायन रुकेगा और स्थानीय प्रतिभा को यहीं अवसर मिलेगा।

पलवल के स्थानीय युवाओं में इस खबर को लेकर काफी उत्साह है। सोशल मीडिया पर इसे लेकर चर्चा तेज़ है और कई युवाओं ने आवेदन शुरू करने की जानकारी मांगी है। युवाओं ने कहा कि यदि प्रशिक्षण गुणवत्तापूर्ण हो और प्लेसमेंट की गारंटी मिले, तो यह योजना उनके जीवन की दिशा बदल सकती है।

सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि भविष्य में इस केंद्र को ITI और पॉलीटेक्निक से भी जोड़ा जाएगा ताकि उच्च स्तर की तकनीकी ट्रेनिंग भी यहीं मिले।

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