देश के सबसे बड़े ऋणदाता भारतीय स्टेट बैंक (SBI) का आवास ऋण पोर्टफोलियो मजबूत मांग और कम ब्याज दर व्यवस्था के कारण अगले वित्त वर्ष में 10 लाख करोड़ रुपए के स्तर को पार कर सकता है।
SBI के चेयरमैन सी एस सेट्टी ने पीटीआई-भाषा से कहा कि इस वक्त बैंक की आवास ऋण बही 9 लाख करोड़ रुपए से अधिक है। यह बैंक की सबसे बड़ी एकल व्यावसायिक इकाई है और कुल परिसंपत्तियों का 20 % से अधिक हिस्सा है।
उन्होंने कहा कि 14 % की वृद्धि दर के साथ एसबीआई अगले वित्त वर्ष 2026-27 में 10 लाख करोड़ रुपए के आवास ऋण पोर्टफोलियो के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में बढ़ रहा है। एसबीआई का आवास ऋण पोर्टफोलियो पिछले महीने 9 लाख करोड़ रुपए के आंकड़े को पार कर गया। वित्त वर्ष 2024-25 के अंत में बैंक की आवास ऋण बही 8.31 लाख करोड़ रुपए की थी। इस दौरान सालाना आधार पर 14.4 % की वृद्धि हुई।
एसबीआई ने पिछले कई वर्षों के दौरान स्थिर तरीके से अपना आवास ऋण पोर्टफोलियो तैयार किया है। यह आंकड़ा मार्च 2011 में 1 लाख करोड़ रुपए से बढ़कर नवंबर 2025 में 9 लाख करोड़ रुपए तक पहुंचा।
इसके अलावा बैंक लगातार सक्रिय निगरानी के कारण इस खंड में गैर निष्पादित परिसंपत्तियों (एनपीए) को 1% से कम रखने में सफल रहा है।