पुलिस प्रवक्ता ने जानकारी देते हुए बताया कि पुलिस अधीक्षक यमुनानगर कमलदीप गोयल के मार्गदर्शन में जिला पुलिस द्वारा महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सेफ सिटी अभियान के अंतर्गत लगातार जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इसी कड़ी में कार्य करते हुए जिला की सेफ सिटी पुलिस टीम की एएसआई नीलम ने बस स्टैंड जगाधरी पर महिलाओं व छात्राओं को सुरक्षा से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान कीं।
इस जागरूकता कार्यक्रम के दौरान एएसआई नीलम ने महिलाओं व छात्राओं को 112 इमरजेंसी सेवा के महत्व के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने मौके पर ही कई महिलाओं व छात्राओं के मोबाइल फोन में 112 एप डाउनलोड करवाया और उसके सही उपयोग की प्रक्रिया समझाई। एएसआई नीलम ने बताया कि 112 एप के माध्यम से किसी भी आपात स्थिति में केवल एक बटन दबाकर तुरंत पुलिस सहायता प्राप्त की जा सकती है। इस एप के जरिए कॉल करने पर संबंधित व्यक्ति की लोकेशन स्वतः पुलिस कंट्रोल रूम तक पहुंच जाती है, जिससे समय पर मदद मिलना संभव हो पाता है।
उन्होंने महिलाओं को बताया कि यात्रा के दौरान, विशेषकर अकेले सफर करते समय, अपनी सुरक्षा को लेकर सतर्क रहना आवश्यक है। इसी उद्देश्य से ट्रिप मॉनिटरिंग सेवा के बारे में भी जानकारी दी गई। एएसआई नीलम ने बताया कि ट्रिप मॉनिटरिंग सुविधा के तहत महिलाएं अपने यात्रा विवरण जैसे वाहन नंबर, चालक का नाम, यात्रा का समय व गंतव्य स्थान पुलिस के साथ साझा कर सकती हैं। इससे यात्रा के दौरान किसी भी प्रकार की परेशानी होने पर पुलिस तुरंत संबंधित स्थान तक पहुंचकर सहायता प्रदान कर सकती है। कार्यक्रम के दौरान महिलाओं व छात्राओं को छेड़छाड़, पीछा करने, अश्लील टिप्पणियों, सोशल मीडिया पर उत्पीड़न और घरेलू हिंसा जैसी समस्याओं के बारे में भी जागरूक किया गया। एएसआई नीलम ने स्पष्ट किया कि ऐसे किसी भी अपराध को सहन न करें और बिना किसी झिझक के तुरंत पुलिस को सूचित करें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि महिलाओं की शिकायतों पर पुलिस द्वारा गोपनीयता बनाए रखते हुए त्वरित व प्रभावी कार्रवाई की जाती है।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि सेफ सिटी टीम द्वारा चलाए जा रहे इन जागरूकता अभियानों का मुख्य उद्देश्य महिलाओं और छात्राओं को आत्मनिर्भर व निडर बनाना है, ताकि वे सार्वजनिक स्थानों पर स्वयं को सुरक्षित महसूस कर सकें। इस दौरान महिलाओं को महिला हेल्पलाइन नंबर, आपातकालीन सेवाओं और कानूनी अधिकारों की भी जानकारी दी गई। अंत में पुलिस प्रवक्ता ने कहा कि जिला पुलिस द्वारा सेफ सिटी अभियान के तहत भविष्य में भी बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, बाजार, शिक्षण संस्थानों और भीड़भाड़ वाले स्थानों पर इस प्रकार के कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहेंगे, ताकि महिलाओं की सुरक्षा को और अधिक सुदृढ़ किया जा सके।