DAV शताब्दी महाविद्यालय द्वारा NIT 3 स्थित हनुमान मंदिर में महर्षि दयानंद सरस्वती जी की 202 वीं जयंती के उपलक्ष्य में 100 कुंडीय हवन महायज्ञ का आयोजन किया | यह महायज्ञ इस वर्ष 4 चरणों आयोजित होने वाली यज्ञ श्रृंखला का द्वितीय चरण रहा, जो अत्यंत श्रद्धा, उत्साह एवं सामाजिक चेतना के साथ संपन्न हुआ। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य नशा मुक्ति, सामाजिक एकता, सौहार्द, पर्यावरण एवं आध्यात्मिक शुद्धि को बढ़ावा देना रहा। मुख्य अतिथि के रूप में मंदिर प्रधान अजय गुप्ता, कीर्तन मंडली प्रधान नीलम, एवं सुप्रसिद्ध गायक पवन लाड़ला जी रहे। राष्ट्र को नशा मुक्त बनाने के संकल्प के साथ महाविद्यालय से हनुमान मंदिर तक निकाली गई जागरूकता रैली निकाली गई। रैली में विद्यार्थियों एवं शिक्षण तथा ग़ैर-शिक्षण स्टाफ ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और समाज को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराया।

मंदिर प्रांगण में ‘नो नशा नेशन’ थीम पर एक प्रभावशाली नुक्कड़ नाटक प्रस्तुत किया गया, जिसने उपस्थित जनसमूह को गहरे स्तर पर प्रभावित किया। सभी विद्यार्थियों एवं उपस्थित प्रतिभागियों को नशा ना करने की शपथ दिलाई।

अतिथियों के विधिवत स्वागतोपरांत वैदिक मंत्रोच्चार के साथ हवन संपन्न हुआ। हवन में आहुति देकर अतिथियों ने अपने संबोधन में नशामुक्ति, पर्यावरण संरक्षण और सामाजिक एकता के महत्व पर बल दिया। उन्होंने युवाओं से अपने गुरुजनों एवं माता-पिता का सम्मान करने तथा समाज के निर्माण में सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान किया।

इस पावन आयोजन के संरक्षक कार्यकारी प्राचार्य डॉ. नरेंद्र कुमार रहे। आयोजन मंडल में स्टाफ सचिव एवं आर्य समाज इकाई की मंत्री डॉ. अर्चना सिंघल तथा डॉ. ललिता ढींगरा की प्रमुख भूमिका रही। कार्यक्रम सचिव डॉ. योगेश शर्मा एवं तनुजा गर्ग ने आयोजन व्यवस्था का सफल संचालन किया। कार्यकारी सदस्यों में एंटी टोबैको यूनिट के संयोजक डॉ. योगेश शर्मा, सह-संयोजिका डॉ. सारिका सैनी, नीति नागर एवं शिल्पी गोयल का विशेष सहयोग रहा। कार्यक्रम के समापन पर महाविद्यालय सचिव द्वारा अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त किया गया। यह आयोजन न केवल आध्यात्मिक ऊर्जा का संचार करने वाला सिद्ध हुआ, बल्कि सामाजिक जागरूकता एवं सकारात्मक परिवर्तन की दिशा में एक सार्थक पहल भी साबित हुआ।