भारत में अब नए सेफ्टी फीचर्स के साथ E-Passport लॉन्च किया गया। 2025 में डिजाइन हुआ ये E-Passport कई मामलों में एडवांस होगा । इसकी वजह से इमिग्रेशन काउंटर पर वेरिफिकेशन के लिए नहीं जाना पड़ेगा । E-Passport में RFID चिप लगाई गई ,जिससे यूजर्स की पर्सनल डिटेल उससे पासपोर्ट में सेव हो जाएगी ।

यह पासपोर्ट कई तरह के फीचर्स के साथ है, इसमें इंटरलॉकिंग माइक्रोलेट्स,रिलीफ टाइटंस और RFID चिप लगी हुई है। इस चिप में एन्क्रिप्टेड बायोमेट्रिक डेटा होता हैं। जून 2025 से सरकार पूरी तरह से E-Passport में ट्रांजिट रही है। हालांकि मौजूदा नॉनलेक्ट्रॉनिक पासपोर्ट एक्सपायर डेट तक इस्तेमाल होंगे । E-Passport में सभी यूजर्स का डेटा उस पासपोर्ट में ऑटोमैटिक सेव हो जाएगा । इसमें यूजर्स की फोटो और फिंगरप्रिंट जैसे डेटा स्टोर रहेगा । इससे किसी भी युजर्स को इमिग्रेशन काउंटर पर नहीं जाना पड़ेगा ।
E-Passport अब तक विदेश मंत्रालय ने 80 लाख भारत में जारी कर चुका है। जबकि विदेश स्थित भारतीय मशीनों के माध्यम से 60,000 से ज्यादा किये गए हैं । मई 2025 में शुरू हुए E-Passport को बनवाने के लिए सावधान रहें । पासपोर्ट में सेवा प्रोग्राम वर्जन 2.0(PSP V2.0) के तहत 37 रीजनल ऑफिस,93 सेवा केंद्र और 451 पोस्टऑफिस पासपोर्ट सेवा केंद्र काम कर रहे है। इस सिस्टम की वजह से लोगों को बेहतर पासपोर्ट एक्सपीरियंस मिलेगा । इसको बेहतर बनाने के लिए AI का इस्तेमाल भी किया गया है। E-Passport को digilocker aadhar और pan के साथ वेरिफिकेशन के लिए इंटीग्रेटेड किया जा रहा है।